बनारस न्यूज डेस्क: वाराणसी के लक्सा थाना क्षेत्र में एक ही परिवार के मां-बेटे की मौत से सनसनी फैल गई। दोनों के शव एक होम स्टे के कमरे से बरामद हुए हैं। शुरुआती जांच में पुलिस को आशंका है कि दोनों ने जहरीला पदार्थ खाकर जान दी। घटना से कुछ घंटे पहले ही परिवार के मुखिया विशाल मुखर्जी की बीमारी के चलते मौत हुई थी।
महाराष्ट्र के रायगढ़ निवासी 56 वर्षीय विशाल मुखर्जी अपनी 51 वर्षीय पत्नी जया मुखर्जी और 26 वर्षीय बेटे ईशान के साथ 7 अगस्त को काशी दर्शन के लिए वाराणसी पहुंचे थे। परिवार ने लक्सा क्षेत्र स्थित वाची होम स्टे में कमरा लिया था। बताया जा रहा है कि पहले दिन परिवार ने काशी में दर्शन किए और इसके बाद होम स्टे लौट आया।
रविवार रात अचानक विशाल मुखर्जी की तबीयत बिगड़ गई। होम स्टे के कर्मचारियों और पुलिस की मदद से उन्हें बीएचयू ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बताया गया कि विशाल पहले से गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे।
विशाल की मौत के बाद सोमवार को उसी होम स्टे के कमरे में उनकी पत्नी जया और बेटे ईशान के शव मिले। दोनों के मुंह से झाग निकल रहा था। कमरे की तलाशी के दौरान पुलिस को सल्फास के पैकेट भी मिले, जिसके आधार पर जहरीला पदार्थ खाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
मामले की सूचना मिलते ही लक्सा पुलिस के साथ फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और कमरे से जरूरी साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
घटना की जानकारी मिलने पर काशी जोन के एडीसीपी वैभव बांगर और एसीपी दशाश्वमेध अतुल अंजान भी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने होम स्टे के मैनेजर और कर्मचारियों से पूछताछ की। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मां-बेटे ने यह कदम क्यों उठाया और क्या इसके पीछे पिता की मौत से जुड़ी कोई वजह थी।
फिलहाल पुलिस परिवार की पृष्ठभूमि, कमरे में मिले सामान और होम स्टे के कर्मचारियों से मिली जानकारी के आधार पर मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की परिस्थितियों को लेकर तस्वीर और साफ होने की उम्मीद है।