बनारस न्यूज डेस्क: गुजरात के वडनगर में बुधवार को ‘वाराणसी से वडनगर सेवा यात्रा’ का समापन हुआ। यह यात्रा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे होने के मौके पर ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आयोजित की गई थी। समापन समारोह में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी और गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी समेत कई नेता शामिल हुए।
समारोह में भूपेंद्र पटेल ने कहा कि नरेंद्र मोदी ने 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के तौर पर अपनी जिम्मेदारी संभाली थी और अब उनके सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे हो गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने सत्ता को सिर्फ पद के तौर पर नहीं, बल्कि लोगों की सेवा के माध्यम के रूप में देखा। पटेल ने गरीबों, मध्यम वर्ग, किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए किए गए कामों का जिक्र करते हुए गुजरात में स्टैच्यू ऑफ यूनिटी, बुलेट ट्रेन, गिफ्ट सिटी और सेमीकंडक्टर हब जैसे प्रोजेक्ट्स को भी मोदी की सोच से जोड़ा।
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वडनगर को नरेंद्र मोदी की जन्मभूमि बताते हुए उनके 25 साल के सार्वजनिक जीवन की तारीफ की। उन्होंने कहा कि 7 अक्टूबर 2001 से शुरू हुआ यह सफर सिर्फ सरकार चलाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि देश के विकास और सेवा से जुड़ा रहा। वहीं, सुवेंदु अधिकारी ने केंद्र सरकार की कई योजनाओं और विकास कार्यों का जिक्र किया। उन्होंने पीएम किसान सम्मान निधि, पीएम आवास योजना, ग्रामीण विकास, सड़क-रेल नेटवर्क के आधुनिकीकरण और उड़ान योजना जैसी पहलों को गिनाया।
इस सेवा यात्रा में 500 बाइकर्स और सेवा यात्रियों ने 10 राज्यों के कई गांवों और शहरों से होकर सफर किया। इस दौरान स्वच्छता अभियान, पौधारोपण, नशामुक्ति अभियान और लोगों से संवाद जैसी गतिविधियां की गईं। यात्रा के दौरान वडनगर की शर्मिष्ठा झील का पवित्र जल काशी विश्वनाथ मंदिर ले जाया गया, जबकि वाराणसी से लाया गया जल वडनगर के हाटकेश्वर महादेव मंदिर में अभिषेक के लिए इस्तेमाल किया गया। यात्रा का समापन 7 अक्टूबर को हुआ और आयोजकों के मुताबिक इसका मकसद सेवा और सामाजिक गतिविधियों के जरिए युवाओं को जोड़ना था।