बनारस न्यूज डेस्क: वाराणसी में साइबर क्राइम सेल और पुलिस की संयुक्त टीम ने साइबर ठगी करने वाले एक गैंग का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के मास्टरमाइंड नितीश कुमार पांडेय समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। नितीश बिहार के रोहतास जिले के सासाराम का रहने वाला है। आरोप है कि गिरोह कमीशन का लालच देकर लोगों के नाम पर बैंक खाते खुलवाता था और इनका इस्तेमाल साइबर ठगी, निवेश के नाम पर धोखाधड़ी और सट्टेबाजी ऐप से जुड़े लेन-देन में करता था।
जांच में सामने आया कि आरोपी अलग-अलग लोगों को कमीशन देने का झांसा देकर उनके नाम से बैंक खाते खुलवाते थे। इन खातों में ठगी की रकम मंगाई जाती और फिर कई दूसरे खातों के जरिए उसे आगे भेज दिया जाता था। पुलिस के मुताबिक, गिरोह मोबाइल में ‘XePay’ नाम का एपीके इंस्टॉल कराकर एसएमएस फॉरवर्डिंग एक्टिव करता था। इससे आरोपियों को बैंक खातों के ओटीपी हासिल करने और खातों को संचालित करने में मदद मिलती थी।
पुलिस की जांच में आरोपियों से जुड़े 41 बैंक खातों के खिलाफ नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर 143 शिकायतें सामने आई हैं। जांच के मुताबिक, इन मामलों में करीब 116.86 करोड़ रुपये की साइबर ठगी से जुड़े लेन-देन का पता चला है। पुलिस अब इन खातों के जरिए हुए पूरे लेन-देन और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से सात मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, 19 चेकबुक, 40 डेबिट कार्ड और 48 क्यूआर स्कैनर बरामद किए हैं। इसके अलावा दो वाहन भी जब्त किए गए हैं। पुलिस अब गिरोह के नेटवर्क, बैंक खातों के इस्तेमाल और ठगी की रकम को आगे भेजने वाले लोगों के बारे में जानकारी जुटा रही है।