इंग्लैंड की दिग्गज महिला बल्लेबाज टैमी ब्यूमोंट ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया है। भारत के खिलाफ लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर होने वाला एकमात्र टेस्ट मैच उनके शानदार करियर का आखिरी मुकाबला होगा। लगभग 17 साल लंबे अपने इस सफर को विराम देने के लिए ब्यूमोंट ने लॉर्ड्स को एक आदर्श मंच बताया है, क्योंकि यह मैदान पहली बार किसी महिला टेस्ट मैच की मेजबानी करने जा रहा है। वर्ष 2009 में एक विकेटकीपर-बल्लेबाज के रूप में बेहद साधारण माहौल में पदार्पण करने वाली ब्यूमोंट आज खेल के इतिहास की सबसे प्रभावशाली खिलाड़ियों में शुमार हैं। शुरुआती दौर में जब महिला क्रिकेट को वह पहचान नहीं मिली थी, तब से लेकर आज हजारों दर्शकों के सामने खेलने तक के बड़े बदलाव की वह खुद गवाह रही हैं।
35 वर्षीय सलामी बल्लेबाज के नाम कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड दर्ज हैं। वह एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय (ODI) मैचों में इंग्लैंड की तरफ से सबसे ज्यादा 12 शतक लगाने वाली खिलाड़ी हैं और क्रिकेट के तीनों प्रारूपों में शतक जड़ने वाली चुनिंदा इंग्लिश महिलाओं में शामिल हैं। साल 2017 के घरेलू विश्व कप में इंग्लैंड की खिताबी जीत के दौरान उन्हें 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' चुना गया था। इसके अलावा, उन्होंने साल 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 208 रनों की यादगार पारी खेलकर टेस्ट क्रिकेट में दोहरा शतक बनाने वाली पहली अंग्रेज महिला होने का गौरव भी हासिल किया था। ब्यूमोंट ने अपनी विदाई पर भावुक होते हुए कहा कि देश के लिए इतने लंबे समय तक खेलना उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान रहा है। हालांकि वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अब नजर नहीं आएंगी, लेकिन घरेलू क्रिकेट में खेल जारी रखेंगी। इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) और खेल प्रेमियों ने उनके इस अद्वितीय योगदान की सराहना करते हुए उन्हें भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी हैं।