भारत के क्विक कॉमर्स सेक्टर में प्रतिस्पर्धा लगातार तेज होती जा रही है। इसी बीच Zepto का प्रस्तावित IPO चर्चा का केंद्र बना हुआ है। जहां एक ओर कंपनी को फंड जुटाने और वैल्यूएशन को लेकर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं प्रतिद्वंद्वी कंपनियां Swiggy और Eternal (पूर्व में Zomato Ltd.) निवेशकों का भरोसा हासिल करती नजर आ रही हैं। बाजार में इन दोनों कंपनियों के शेयरों में हाल के दिनों में मजबूत तेजी देखने को मिली है।
वैल्यूएशन बना सबसे बड़ा मुद्दा
Zepto की IPO योजना के सामने सबसे बड़ी चुनौती उसकी वैल्यूएशन को लेकर है। अक्टूबर 2025 में कंपनी ने अमेरिकी निवेशक CalPERS से फंडिंग जुटाई थी, उस समय कंपनी का मूल्यांकन करीब 7 अरब डॉलर बताया गया था। हालांकि, अब IPO की तैयारी के दौरान कई घरेलू म्यूचुअल फंड और संस्थागत निवेशक इस वैल्यूएशन को ऊंचा मान रहे हैं।
बाजार में चल रही चर्चाओं के अनुसार, कंपनी की संभावित वैल्यूएशन अब 2.5 से 3 अरब डॉलर के बीच आंकी जा रही है, जो पहले अनुमानित 3.5 से 4 अरब डॉलर से भी कम है। हालांकि, कंपनी की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
कैश बर्न को लेकर निवेशकों की चिंता
विशेषज्ञों का मानना है कि Zepto के सामने सबसे बड़ी चुनौती उच्च कैश बर्न है। क्विक कॉमर्स कारोबार में ग्राहकों को आकर्षित करने, डार्क स्टोर नेटवर्क बढ़ाने और तेज डिलीवरी बनाए रखने के लिए कंपनियां लगातार भारी निवेश कर रही हैं। यदि कंपनी समय पर पर्याप्त पूंजी जुटाने में सफल नहीं होती, तो प्रतिस्पर्धा में अपनी स्थिति बनाए रखना कठिन हो सकता है।
Swiggy और Eternal को मिल रहा फायदा
Zepto की अनिश्चितताओं का लाभ उसके प्रमुख प्रतिस्पर्धियों Swiggy और Eternal को मिलता दिखाई दे रहा है। निवेशकों का रुझान इन कंपनियों की ओर बढ़ने से इनके शेयरों में सकारात्मक माहौल बना हुआ है। विश्लेषकों का मानना है कि यदि Zepto की IPO प्रक्रिया में और देरी होती है या वैल्यूएशन में बड़ी कटौती करनी पड़ती है, तो प्रतिस्पर्धी कंपनियां बाजार में अपनी स्थिति और मजबूत कर सकती हैं।
फिलहाल निवेशकों की नजर Zepto की IPO रणनीति, अंतिम वैल्यूएशन और फंड जुटाने की योजना पर बनी हुई है। आने वाले समय में कंपनी की ओर से किए जाने वाले फैसले यह तय करेंगे कि वह क्विक कॉमर्स बाजार में अपनी प्रतिस्पर्धी बढ़त बनाए रख पाती है या नहीं।