सदियों से पहाड़ों की दुर्गम ऊंचाइयों पर बने बौद्ध मठ न केवल आध्यात्मिक शांति का केंद्र रहे हैं, बल्कि अपनी अद्भुत वास्तुकला और इतिहास के लिए भी जाने जाते हैं। समुद्र तल से हजारों मीटर ऊपर बसे ये पवित्र स्थल पर्यटकों और तीर्थयात्रियों को मंत्रमुग्ध कर देते हैं। दुनिया के ऐसे ही 7 सबसे ऊंचे और खूबसूरत मठों की सूची सामने आई है, जो किसी भी यात्री के लिए एक बेहतरीन डेस्टिनेशन हो सकते हैं:
1. थिकसे मठ (लद्दाख, भारत) — ऊंचाई: लगभग 3,600 मीटर
लद्दाख की सिंधु घाटी में एक पहाड़ी पर स्थित यह 12 मंजिला मठ तिब्बती बौद्ध धर्म के गेलुग संप्रदाय से जुड़ा है। इसमें कई मंदिर, प्रार्थना कक्ष, पुस्तकालय और मैत्रेय बुद्ध की एक भव्य 15 मीटर ऊंची मूर्ति स्थापित है।
2. टाइगर्स नेस्ट मठ (पारो ताकत्संग, भूटान) — ऊंचाई: लगभग 3,120 मीटर
पारो घाटी से लगभग 900 मीटर ऊपर एक सीधी खड़ी चट्टान पर बना यह मठ भूटान की सबसे प्रसिद्ध पहचान है। मान्यता है कि गुरु रिंपोशे एक बाघिन की पीठ पर सवार होकर यहां ध्यान करने आए थे। यहां तक पहुंचने के लिए चीड़ के जंगलों से होकर ट्रैकिंग करनी पड़ती है।
3. की मठ (स्पीति घाटी, भारत) — ऊंचाई: लगभग 4,166 मीटर
हिमाचल प्रदेश की स्पीति घाटी का यह सबसे बड़ा मठ 1,000 साल से भी ज्यादा पुराना है। स्पीति नदी के किनारे एक पहाड़ी पर स्थित यह मठ किसी मजबूत किले की तरह दिखाई देता है, जहां प्राचीन भित्तिचित्रों (murals) को देखा जा सकता है।
4. रोंगबुक मठ (तिब्बत) — ऊंचाई: लगभग 5,000 मीटर
रोंगबुक मठ को दुनिया का सबसे ऊंचाई पर स्थित मठ माना जाता है। यह माउंट एवरेस्ट के उत्तरी बेस कैंप के पास स्थित है। यहां से एवरेस्ट का सबसे करीब और शानदार नजारा दिखाई देता है, जो फोटोग्राफर्स और ट्रैकर्स के लिए आकर्षण का मुख्य केंद्र है।
5. हेमिस मठ (लद्दाख, भारत) — ऊंचाई: लगभग 3,700 मीटर
पहाड़ों के बीच छिपा हेमिस मठ लद्दाख का सबसे बड़ा और सबसे समृद्ध मठ माना जाता है। यह अपने वार्षिक हेमिस उत्सव के लिए दुनिया भर में प्रसिद्ध है, जहां भिक्षु पारंपरिक मुखौटा नृत्य (छम) करते हैं।
6. तेंगबोचे मठ (नेपाल) — ऊंचाई: लगभग 3,867 मीटर
एवरेस्ट बेस कैंप के ट्रैकिंग रूट पर स्थित यह मठ एवरेस्ट, आमा दब्लम और ल्होत्से जैसी दुनिया की सबसे ऊंची चोटियों से घिरा हुआ है। यह शेरपा समुदाय का एक प्रमुख आध्यात्मिक केंद्र है।
7. तवांग मठ (अरुणाचल प्रदेश, भारत) — ऊंचाई: लगभग 3,000 मीटर
17वीं शताब्दी का यह ऐतिहासिक मठ भारत का सबसे बड़ा और तिब्बत के बाहर दुनिया के सबसे बड़े बौद्ध मठों में से एक है। इसके रंग-बिरंगे प्रार्थना कक्ष, विशाल बुद्ध प्रतिमा और सर्दियों में होने वाली बर्फबारी इसे बेहद जादुई और खूबसूरत बनाती है।